
मंत्री डॉ. अजय कुमार पोद्दार ने पारदर्शिता, गुणवत्ता और जनसेवा पर दिया विशेष जोर
कोलकाता: पश्चिम बंगाल सरकार के जन स्वास्थ्य अभियंत्रण (Public Health Engineering – PHE) विभाग के कैबिनेट मंत्री डॉ. अजय कुमार पोद्दार ने मंगलवार को कोलकाता स्थित विभागीय मुख्यालय का औचक निरीक्षण कर विभाग की कार्यप्रणाली, जनहित योजनाओं और प्रशासनिक व्यवस्थाओं की व्यापक समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान उन्होंने विभाग के विभिन्न अनुभागों का दौरा किया तथा अधिकारियों, अभियंताओं, कर्मचारियों और सहायक कर्मियों के साथ विस्तार से चर्चा कर विभागीय कार्यों की प्रगति और भविष्य की योजनाओं का जायजा लिया।
मंत्री डॉ. पोद्दार ने विभाग द्वारा संचालित पेयजल एवं जन स्वास्थ्य से जुड़ी योजनाओं की समीक्षा करते हुए कहा कि आम नागरिकों तक गुणवत्तापूर्ण और समयबद्ध सेवाएं पहुंचाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी विकास योजनाओं का क्रियान्वयन पूरी पारदर्शिता, गुणवत्ता और निर्धारित समय-सीमा के भीतर सुनिश्चित किया जाए।
निरीक्षण के दौरान विभाग के विभिन्न अनुभागों में चल रहे कार्यों, लंबित परियोजनाओं तथा प्रशासनिक प्रक्रियाओं की जानकारी प्राप्त की गई। मंत्री ने अधिकारियों के साथ विस्तृत विचार-विमर्श करते हुए लंबित मामलों के शीघ्र निष्पादन, परियोजनाओं की नियमित निगरानी तथा कार्यों में जवाबदेही सुनिश्चित करने पर विशेष बल दिया। उन्होंने कहा कि किसी भी स्तर पर अनावश्यक विलंब या लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी और प्रत्येक अधिकारी को अपनी जिम्मेदारियों का ईमानदारीपूर्वक निर्वहन करना होगा।
डॉ. पोद्दार ने कहा कि जन स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग केवल एक तकनीकी विभाग नहीं, बल्कि करोड़ों लोगों तक सुरक्षित पेयजल और स्वच्छता संबंधी सुविधाएं पहुंचाने वाला अत्यंत महत्वपूर्ण विभाग है। इसलिए विभाग के प्रत्येक अधिकारी और कर्मचारी की जिम्मेदारी है कि वे जनता की अपेक्षाओं पर खरे उतरें तथा सेवा भावना के साथ कार्य करें।

निरीक्षण के दौरान मंत्री ने विभाग के सफाईकर्मियों एवं सहायक कर्मचारियों से भी आत्मीय मुलाकात की। उन्होंने उनके योगदान की सराहना करते हुए कहा कि किसी भी कार्यालय की कार्यक्षमता केवल अधिकारियों के प्रयासों से नहीं, बल्कि प्रत्येक कर्मचारी के समर्पण और अनुशासन से मजबूत होती है। उन्होंने सफाईकर्मियों को विभाग की रीढ़ बताते हुए कहा कि स्वच्छ एवं सुव्यवस्थित कार्य वातावरण बनाए रखने में उनकी भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।
इस अवसर पर मंत्री ने सफाईकर्मियों एवं सहायक कर्मचारियों को अंगवस्त्र भेंट कर सम्मानित किया और उन्हें “सफाई योद्धा” की उपाधि देते हुए कहा कि वे प्रतिदिन अपने कर्तव्य का निर्वहन कर पूरे विभाग को सुचारु रूप से संचालित रखने में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि समाज और प्रशासन को ऐसे कर्मयोगियों के योगदान का सम्मान करना चाहिए।
मंत्री ने अधिकारियों से यह भी कहा कि विभाग में कार्य संस्कृति को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए आधुनिक तकनीक का अधिकाधिक उपयोग किया जाए, जिससे योजनाओं की निगरानी, शिकायतों के निस्तारण और परियोजनाओं के क्रियान्वयन में गति लाई जा सके। उन्होंने जनहित से जुड़े मामलों में संवेदनशीलता और पारदर्शिता बनाए रखने की आवश्यकता पर बल दिया।
बैठक के दौरान विभाग की वर्तमान परियोजनाओं, भविष्य की कार्ययोजना तथा प्रशासनिक सुधारों पर भी विस्तार से चर्चा हुई। मंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल योजनाएं बनाना नहीं, बल्कि उनका लाभ अंतिम व्यक्ति तक समय पर पहुंचाना है। इसके लिए सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को टीम भावना के साथ कार्य करना होगा।
उन्होंने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिया कि आम नागरिकों की शिकायतों का शीघ्र समाधान किया जाए तथा पेयजल आपूर्ति एवं अन्य सेवाओं से संबंधित समस्याओं के समाधान में किसी प्रकार की ढिलाई न बरती जाए। उन्होंने कहा कि जनविश्वास बनाए रखना विभाग की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है।

निरीक्षण कार्यक्रम के दौरान इंजीनियर-इन-चीफ जयदीप घोष, चीफ इंजीनियर चैताली मंडल, शुभाशीष दत्ता, संजीव राय, संजय कुमार सहित विभाग के अनेक वरिष्ठ अधिकारी, अभियंता एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी अधिकारियों ने मंत्री को विभागीय योजनाओं की प्रगति एवं आगामी कार्ययोजना से अवगत कराया।
कार्यक्रम के अंत में डॉ. अजय कुमार पोद्दार ने विभाग के सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि जन स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग पश्चिम बंगाल के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि सभी कर्मचारी समर्पण, ईमानदारी और पारदर्शिता के साथ कार्य करते हुए राज्य के नागरिकों को बेहतर सेवाएं उपलब्ध कराने के सरकार के संकल्प को और अधिक मजबूत करेंगे।













