
धनबाद-निरसा : धनबाद जिले के निरसा प्रखंड सभागार में पंचायत समिति की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जहां विभिन्न जनसमस्याओं और विकास कार्यों को लेकर व्यापक चर्चा हुई। बैठक की अध्यक्षता प्रखंड प्रमुख आशा कुमारी दास ने की। बैठक में मुख्य रूप से बीडीओ इंद्र लाल ओहदार, सीओ विक्रम आनन्द समेत विभिन्न विभागों के कर्मचारी और पंचायत समिति सदस्य मौजूद रहे।
हालांकि बैठक की शुरुआत से ही माहौल गर्म रहा और कई मुद्दों को लेकर सदस्यों ने नाराज़गी जताई। पंचायत समिति सदस्यों ने आरोप लगाया कि बैठक अब केवल औपचारिकता बनकर रह गई है, क्योंकि अधिकांश विभागों के पदाधिकारी स्वयं उपस्थित नहीं होते और उनकी जगह कर्मचारियों को भेज दिया जाता है। सदस्यों ने इसे जनप्रतिनिधियों और पंचायत व्यवस्था का अपमान बताते हुए कड़ी आपत्ति दर्ज कराई।
विभागीय अधिकारियों की अनुपस्थिति पर नाराज़गी
बैठक के दौरान सदस्यों ने कहा कि पंचायत समिति की बैठकों का उद्देश्य क्षेत्रीय समस्याओं का समाधान निकालना होता है, लेकिन विभागीय अधिकारी गंभीरता नहीं दिखा रहे हैं। कई विभागों के वरिष्ठ अधिकारी बैठक में अनुपस्थित रहे, जिससे सदस्यों में आक्रोश देखा गया।
विशेष रूप से सहकारिता विभाग और बिजली विभाग की अनुपस्थिति को लेकर सवाल उठाए गए। पंचायत समिति की ओर से दोनों विभागों से स्पष्टीकरण मांगने की बात कही गई। सदस्यों ने कहा कि जब जिम्मेदार अधिकारी बैठक में उपस्थित ही नहीं होंगे तो समस्याओं का समाधान कैसे होगा।
बिजली, पेयजल और स्वास्थ्य सेवाओं पर उठे गंभीर मुद्दे
बैठक में क्षेत्र की बिजली व्यवस्था, पेयजल संकट, स्वास्थ्य सेवाओं और बाल कल्याण विभाग की कार्यप्रणाली को लेकर कई महत्वपूर्ण मुद्दे उठाए गए। सदस्यों ने कहा कि भीषण गर्मी के कारण ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल संकट गहराता जा रहा है और कई गांवों में लोगों को पानी के लिए परेशान होना पड़ रहा है।
मडमा पंचायत में अधूरी पड़ी 16 पानी टंकियों का मामला बैठक में प्रमुखता से उठा। सदस्यों ने आरोप लगाया कि निर्माण कार्य लंबे समय से अधूरा पड़ा है, जिससे ग्रामीणों को पेयजल सुविधा का लाभ नहीं मिल पा रहा है। इस मामले में संबंधित ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उसे ब्लैकलिस्ट करने की मांग की गई।
गर्मी को देखते हुए टैंकर से पानी आपूर्ति की मांग
पंचायत समिति सदस्यों ने कहा कि क्षेत्र में लगातार बढ़ती गर्मी को देखते हुए तत्काल टैंकरों के माध्यम से पानी की आपूर्ति शुरू की जानी चाहिए ताकि लोगों को राहत मिल सके।
इस पर बीडीओ इंद्र लाल ओहदार ने आश्वासन दिया कि क्षेत्र में पानी की समस्या को देखते हुए वैकल्पिक व्यवस्था की जा रही है। उन्होंने कहा कि:
- एमपीएल,
- ईसीएल,
- और डीडब्ल्यू एंड एस विभाग के सहयोग से पानी की आपूर्ति सुनिश्चित की जाएगी।
बीडीओ ने कहा कि प्रशासन लोगों को पेयजल संकट से राहत दिलाने के लिए गंभीरता से काम कर रहा है और जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त टैंकर भी लगाए जाएंगे।
पंचायत समिति के लिए दुकान निर्माण का मुद्दा भी उठा
बैठक में पंचायत समिति के लिए दुकान निर्माण हेतु भूमि चिन्हित करने का मुद्दा भी उठा। इस पर सीओ विक्रम आनंद ने जानकारी दी कि भूमि चिन्हित कर प्रस्ताव धनबाद भेज दिया गया है।
उन्होंने कहा कि:
- संबंधित प्रस्ताव स्वीकृति के लिए भेजा जा चुका है,
- और मंजूरी मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
सीओ ने स्पष्ट किया कि प्रशासनिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही निर्माण कार्य शुरू किया जा सकेगा।
सदस्यों ने कहा — समस्याओं का जल्द हो समाधान
बैठक के दौरान पंचायत समिति सदस्यों ने जोर देकर कहा कि केवल बैठक करने से समस्याओं का समाधान नहीं होगा, बल्कि विभागों को जमीनी स्तर पर सक्रिय होकर काम करना होगा।
सदस्यों ने मांग की कि:
- अधूरी योजनाओं को जल्द पूरा किया जाए,
- पेयजल संकट पर तत्काल कार्रवाई हो,
- बिजली आपूर्ति में सुधार किया जाए,
- और स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत किया जाए।
बैठक में मौजूद अधिकारियों ने विभिन्न समस्याओं पर आवश्यक कार्रवाई का भरोसा दिलाया। हालांकि सदस्यों ने चेतावनी दी कि यदि विभागीय अधिकारी आगे भी बैठक में अनुपस्थित रहे और समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो आंदोलनात्मक कदम उठाए जा सकते हैं।
निरसा पंचायत समिति की यह बैठक क्षेत्र की बुनियादी समस्याओं, विभागीय लापरवाही और विकास योजनाओं की धीमी गति को लेकर काफी चर्चाओं में रही। अब लोगों की नजर इस बात पर टिकी है कि बैठक में उठाए गए मुद्दों पर प्रशासन कितनी तेजी से कार्रवाई करता है।













