मध्य विद्यालय एगारकुंड में 46 विद्यार्थियों को मिली निःशुल्क साइकिल, शिक्षा की राह हुई आसान
'उन्नति का पहिया' योजना के तहत छात्र-छात्राओं को वितरित की गई साइकिलें, जनप्रतिनिधियों और शिक्षकों ने बताया शिक्षा को बढ़ावा देने की महत्वपूर्ण पहल

निरसा I रिपोर्ट-सरबजीत सिंह : एगारकुंड दक्षिण पंचायत अंतर्गत स्थित मध्य विद्यालय एगारकुंड में सोमवार को राज्य सरकार की ‘उन्नति का पहिया’ योजना के तहत सत्र 2025-26 में कक्षा आठवीं में अध्ययनरत 46 छात्र-छात्राओं के बीच निःशुल्क साइकिलों का वितरण किया गया। विद्यालय परिसर में आयोजित समारोह की अध्यक्षता प्रभारी प्रधानाध्यापक विदन मंडल ने की।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों को साइकिल प्रदान करते हुए शिक्षकों एवं जनप्रतिनिधियों ने इसे शिक्षा को बढ़ावा देने और ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यार्थियों को विद्यालय तक सुगम पहुंच उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल बताया।
ग्रामीण विद्यार्थियों को मिलेगी बड़ी राहत
समारोह को संबोधित करते हुए अखिल झारखंड प्राथमिक शिक्षक संघ, निरसा तीन इकाई के अध्यक्ष प्रमोद कुमार झा ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा संचालित निःशुल्क साइकिल वितरण योजना का उद्देश्य दूर-दराज एवं ग्रामीण क्षेत्रों के छात्र-छात्राओं को विद्यालय आने-जाने में होने वाली कठिनाइयों को दूर करना है।
उन्होंने कहा कि परिवहन सुविधा के अभाव में कई विद्यार्थी नियमित रूप से विद्यालय नहीं पहुंच पाते, जिससे उनकी पढ़ाई प्रभावित होती है। साइकिल मिलने से विद्यार्थियों का समय बचेगा और वे नियमित रूप से विद्यालय पहुंच सकेंगे।
‘उन्नति का पहिया’ बन रही है शिक्षा की नई पहचान
प्रमोद कुमार झा ने कहा कि सरकार इस योजना को “उन्नति का पहिया” मानकर संचालित कर रही है। यह केवल साइकिल वितरण कार्यक्रम नहीं, बल्कि शिक्षा के माध्यम से समाज को आगे बढ़ाने का अभियान है।
उन्होंने कहा कि इस योजना से विद्यालयों में बच्चों की दैनिक उपस्थिति बढ़ेगी, पढ़ाई में निरंतरता आएगी तथा स्कूल छोड़ने की प्रवृत्ति में भी कमी आएगी। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा का स्तर और मजबूत होगा।
मुखिया ने योजना को बताया आत्मनिर्भरता की दिशा में कदम
इस अवसर पर स्थानीय मुखिया अजय कुमार राम ने कहा कि साइकिल मिलने से छात्र-छात्राओं में काफी उत्साह देखा जा रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार की यह योजना विद्यार्थियों के भविष्य को बेहतर बनाने के साथ-साथ उन्हें आत्मनिर्भर बनने की प्रेरणा भी देती है।
उन्होंने कहा कि शिक्षा तक आसान पहुंच किसी भी समाज के विकास की आधारशिला होती है और इस प्रकार की योजनाएं ग्रामीण बच्चों के लिए नए अवसरों के द्वार खोलती हैं।
46 विद्यार्थियों को मिला योजना का लाभ
कार्यक्रम के दौरान विद्यालय की कक्षा आठवीं में अध्ययनरत कुल 46 छात्र-छात्राओं को निःशुल्क साइकिल प्रदान की गई। साइकिल प्राप्त करने के बाद विद्यार्थियों के चेहरे पर खुशी साफ दिखाई दे रही थी। कई छात्रों ने कहा कि अब उन्हें विद्यालय आने-जाने में पहले जैसी कठिनाइयों का सामना नहीं करना पड़ेगा।

शिक्षकों ने दी नियमित अध्ययन की सीख
साइकिल वितरण के दौरान शिक्षकों ने विद्यार्थियों से नियमित रूप से विद्यालय आने, मन लगाकर पढ़ाई करने तथा साइकिल का सुरक्षित एवं जिम्मेदारीपूर्वक उपयोग करने की अपील की। साथ ही यातायात नियमों का पालन करने की भी सलाह दी गई।
ये रहे उपस्थित
इस अवसर पर प्रभारी प्रधानाध्यापक विदन मंडल, कुमारी सोना दास, कुमारी सुलेखा रेवानी, रईस अंसारी, पोरेशचंद्र महतो, ज्योति कुमारी सहित विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाएं, अभिभावक एवं स्थानीय गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
शिक्षा को नई गति देने की पहल
विद्यालय परिवार ने विश्वास व्यक्त किया कि राज्य सरकार की यह योजना आने वाले समय में शिक्षा के क्षेत्र में सकारात्मक बदलाव लाएगी। विशेषकर ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यार्थियों के लिए यह पहल न केवल आवागमन को सरल बनाएगी, बल्कि उन्हें उच्च शिक्षा की ओर आगे बढ़ने के लिए भी प्रेरित करेगी। साइकिल वितरण जैसी योजनाएं शिक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने और प्रत्येक बच्चे तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पहुंचाने के उद्देश्य को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।













