
धनबाद-चिरकुंडा: नगर निकाय चुनाव को लेकर बुधवार को नामांकन के अंतिम दिन धनबाद और चिरकुंडा में राजनीतिक गतिविधियां चरम पर रहीं। अंतिम दिन प्रत्याशियों और उनके समर्थकों की भारी भीड़ देखने को मिली। इस दौरान कुल 347 प्रत्याशियों ने नामांकन पत्र दाखिल किए, जिनमें 166 महिलाएं शामिल हैं। बड़ी संख्या में महिला प्रत्याशियों की भागीदारी ने इस चुनाव को खास बना दिया है और इसे महिला सशक्तिकरण के रूप में देखा जा रहा है।
धनबाद नगर निगम के महापौर पद के लिए कुल 15 प्रत्याशी मैदान में उतरे हैं। इनमें 2 महिला और 13 पुरुष शामिल हैं। वहीं चिरकुंडा नगर परिषद के अध्यक्ष पद के लिए 11 महिला प्रत्याशियों ने नामांकन दाखिल किया है, जिससे अध्यक्ष पद का मुकाबला दिलचस्प और प्रतिस्पर्धात्मक हो गया है। स्थानीय राजनीतिक हलकों में इसे एक अहम संकेत माना जा रहा है।
धनबाद नगर निगम क्षेत्र में वार्ड पार्षद पद के लिए कुल 276 प्रत्याशियों ने नामांकन पत्र दाखिल किए। इनमें 136 महिलाएं शामिल हैं। अलग-अलग वार्डों में प्रत्याशियों की संख्या में बड़ा अंतर देखने को मिला। कुछ वार्डों में सीमित संख्या में प्रत्याशी हैं, जबकि कई वार्डों में बहुकोणीय मुकाबले की स्थिति बनती नजर आ रही है। इससे यह स्पष्ट है कि इस बार चुनावी मुकाबला आसान नहीं रहने वाला।
वार्डों के अनुसार देखें तो कहीं 14 से 16 प्रत्याशी मैदान में हैं, तो कहीं 35 से अधिक प्रत्याशी अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। इससे यह अंदाजा लगाया जा सकता है कि मतदाताओं के लिए उम्मीदवार चुनना चुनौतीपूर्ण रहेगा और प्रचार के दौरान मुद्दों पर जोर बढ़ेगा।
वहीं चिरकुंडा नगर परिषद में वार्ड पार्षद पद के लिए कुल 45 प्रत्याशियों ने नामांकन दाखिल किया है, जिनमें 17 महिलाएं शामिल हैं। यहां भी महिला प्रत्याशियों की संख्या उल्लेखनीय रही। स्थानीय स्तर पर इसे सकारात्मक बदलाव के रूप में देखा जा रहा है, जहां महिलाएं स्थानीय प्रशासन में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए आगे आ रही हैं।
नामांकन प्रक्रिया विभिन्न निर्वाची पदाधिकारियों की देखरेख में शांतिपूर्ण ढंग से पूरी की गई। प्रशासन की ओर से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे ताकि किसी भी प्रकार की अव्यवस्था न हो। नामांकन केंद्रों पर पुलिस बल की तैनाती रही और पूरे दिन प्रक्रिया सुचारू रूप से चलती रही।
अधिकारियों के अनुसार अब अगले चरण में नामांकन पत्रों की जांच की जाएगी। इसके बाद नाम वापसी की प्रक्रिया पूरी होगी, जिसके बाद अंतिम रूप से प्रत्याशियों की तस्वीर साफ हो जाएगी। इसके साथ ही चुनाव प्रचार का दौर भी तेज होने की उम्मीद है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस बार नगर निकाय चुनाव में महिला भागीदारी, स्थानीय मुद्दे और वार्ड स्तर की रणनीति निर्णायक भूमिका निभाएगी। बुनियादी सुविधाएं, साफ-सफाई, सड़क, जलापूर्ति और रोजगार जैसे मुद्दे प्रचार के केंद्र में रहने की संभावना है।
कुल मिलाकर, धनबाद और चिरकुंडा में नगर निकाय चुनाव को लेकर माहौल पूरी तरह गर्म हो चुका है। अब सभी की नजरें नामांकन जांच और उसके बाद सामने आने वाली अंतिम चुनावी तस्वीर पर टिकी हुई हैं।
धनबाद और चिरकुंडा में नगर निकाय चुनाव के तहत नामांकन के अंतिम दिन राजनीतिक गतिविधियां अपने चरम पर रहीं। बुधवार को कुल 347 प्रत्याशियों ने नामांकन पत्र दाखिल किए, जिनमें 166 महिलाएं शामिल हैं। इतनी बड़ी संख्या में महिला प्रत्याशियों की भागीदारी ने इस चुनाव को ऐतिहासिक बना दिया है और स्थानीय राजनीति में एक मजबूत बदलाव का संकेत दिया है।
धनबाद नगर निगम के महापौर पद के लिए 15 प्रत्याशी मैदान में उतरे हैं, जिनमें 2 महिलाएं और 13 पुरुष शामिल हैं। वहीं चिरकुंडा नगर परिषद के अध्यक्ष पद के लिए 11 महिला प्रत्याशियों ने नामांकन किया, जिससे यह स्पष्ट होता है कि नेतृत्व की भूमिका में महिलाएं तेजी से आगे बढ़ रही हैं। यह रुझान आने वाले समय में स्थानीय प्रशासन की दिशा को प्रभावित कर सकता है।
वार्ड पार्षद पद के लिए धनबाद नगर निगम में 276 प्रत्याशियों ने नामांकन किया, जिनमें 136 महिलाएं हैं। अलग-अलग वार्डों में प्रत्याशियों की संख्या में भारी अंतर देखा गया है, जिससे कई क्षेत्रों में बहुकोणीय मुकाबले की स्थिति बन गई है। इससे चुनाव प्रचार के दौरान मुद्दों पर आधारित रणनीति अपनाने की आवश्यकता और बढ़ गई है।
चिरकुंडा नगर परिषद में वार्ड पार्षद पद के लिए 45 प्रत्याशियों ने पर्चा भरा, जिनमें 17 महिलाएं शामिल हैं। नामांकन प्रक्रिया सभी केंद्रों पर शांतिपूर्ण तरीके से पूरी की गई। अब नामांकन जांच और नाम वापसी के बाद अंतिम उम्मीदवारों की सूची सामने आएगी, जिसके साथ ही चुनावी मुकाबले की वास्तविक तस्वीर स्पष्ट हो जाएगी।












